जिला को पूर्ण बाढ़ग्रस्त घोषित करने की मांग के साथ सड़क पर उतरे सीपीई कार्यकर्ता, डीएम ने कहा 'विचार किया जाएगा'
- by Manjesh Kumar
- 12-Sep-2026
- Views
बेगूसराय: बेगूसराय में सड़कों पर शनिवार को जनाक्रोश का सैलाब उमड़ पड़ा। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के तत्वावधान में सैकड़ों कार्यकर्ताओं, एआईएसएफ के प्रतिनिधियों और बाढ़ पीड़ितों ने जिले को आधिकारिक तौर पर 'बाढ़ग्रस्त क्षेत्र' घोषित करने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट के समक्ष प्रचंड विरोध प्रदर्शन किया। ट्रैफिक चौक से हाथों में लाल झंडे और तख्तियां थामे कार्यकर्ताओं का हुजूम नारेबाजी करता हुआ कलेक्ट्रेट के उत्तरी द्वार कैंटीन चौक पहुंचा। प्रदर्शन का सबसे अनोखा और प्रभावशाली रूप तब देखने को मिला, जब महिला कार्यकर्ताओं ने माइक पर बुलंद हौसले के साथ पारंपरिक जनगीत गाकर पूरी फिजा में इंकलाबी गर्मजोशी भर दी।
हालात की नजाकत को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर नजर आया। सदर एसडीओ के नेतृत्व में भारी पुलिस बल और मजिस्ट्रेट तैनात रहे। लगभग एक घंटे तक चले हंगामेदार प्रदर्शन के बाद CPI के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी (DM) को अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा। कलेक्ट्रेट से बाहर निकलकर CPI जिला सचिव अवधेश राय ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि सालों बाद आई ऐसी भयावह बाढ़ के बावजूद मुख्यमंत्री और मंत्रियों के दौरों के बाद भी जिले को बाढ़ग्रस्त घोषित न करना पीड़ितों के साथ अन्याय है। आधिकारिक घोषणा न होने से प्रभावित परिवारों की GR राशि, फसल क्षतिपूर्ति और मवेशियों के चारे पर संकट मंडरा रहा है।
मामले में डीएम ने कहा कि वार्ता सकारात्मक रही। डीएम ने आश्वस्त किया है कि सरकार को जनभावनाओं के अनुरूप रिपोर्ट भेजी जाएगी, प्रभावितों को जीआर राशि व मुआवजा मिलेगा और राहत शिविर जारी रहेंगे। कार्तिक तक कृषि कार्य ठप रहने के कारण गांवों में सस्ती रोटी व अनाज की दुकानें चलाने पर डीएम ने सकारात्मक पहल का भरोसा दिया है। प्रदर्शन में पूर्व विधायक रामरतन सिंह, सूर्यकांत पासवान और AISF राष्ट्रीय सचिव अमीन हमजा समेत कई दिग्गज मौजूद रहे। पार्टी ने साफ चेतावनी दी है कि यदि मांगें जल्द पूरी नहीं हुईं, तो आंदोलन और उग्र होगा।


Post a comment